भिलाई स्टील प्लांट में एक युवक की करंट लगने से मौत
भिलाई स्टील प्लांट से एक आश्चर्यजनक घटना सामने आई है जहाँ एक चोर की चोरी करने के दौरान तार में झुलस जाने से मौत हो गई है I मृतक की अभी पहचान नहीं हो पाई है I यह घटना ब्लास्ट फर्नेस 7 के सब स्टेशन 15 एफके पैनल में हुआ I जिस जगह यह हादसा हुआ उस जगह दिवार टुटा हुआ था शायद व्यक्ति चोरी के इरादे से आया हुआ था I मृत व्यक्ति का पता नहीं चल पाया है कि वह कौन है और कहाँ से आया है I विभाग में कार्यरत अफसरों का भी यही कहना है कि इसके सम्बन्ध में उनको जानकारी नहीं है I ट्रेड यूनियन नेताओं के मुताबिक मृतक चोर हो सकता है.जो केबिल काटने के लिए अंदर घुसा होगा.लेकिन करंट लगने से उसकी मौत हो गई I विभागीय कर्मचारियों का कहना है कि भिलाई स्टील प्लांट के शॉप को बिजली सप्लाई करने वाली लाइन नुकसान पहुँचाने की कोशिश किया गया है I
तीरथगढ़ जलप्रपात के पास बनेगा प्रदेश का पहला ग्लास ब्रिज
छत्तीसगढ़ के बस्तर में स्थित तीरथगढ़ जलप्रपात में ग्लास ब्रिज बनाने की योजना चल रहा है I जिसके लिए पुणे की एक कंपनी ने यहाँ आकर सर्वे किया I तीरथगढ़ जलप्रपात के समीप बनने वाले इस ग्लास ब्रिज के लिए लागत 5 करोड़ के आसपास बताया जा रहा है I ग्लास ब्रिज बनाने का मुख्य उद्देश्य यहाँ के पर्यटक को बढ़ावा देना है I दरअसल, तीरथगढ़ जलप्रपात का दृश्य काफी मनमोहक है जो हर किसी को अपनी ओर आकर्षित कर लेता है I बरसात के मौसम में तीरथगढ़ जलप्रपात का तेज प्रवाह देखते ही बनता है इसे और करीब से देखने का मन करता है लेकिन खतरे को देखते हुए पास से जाकर देखने की अनुमति नहीं दी जाती है I ग्लास ब्रिज के निर्माण हो जाने से पर्यटक इसे और पास से देख सकेंगे I
बस्तर के मुख्य वन संरक्षक राजेश पांडे ने बताया कि ग्लास ब्रिज के बन जाने से बस्तर में पर्यटक को बढ़ावा मिलेगा I जिससे पर्यटक अधिक संख्या में यहाँ आयेंगे I जिससे स्थानीय लोगों को रोजगार के साधन भी खुल जायेंगे I बताया जा रहा है कि ग्लास ब्रिज की लम्बाई 160 से 175 मीटर लम्बा रहेगा और यह 2025 में बनकर तैयार होगा I
जामुन के व्यवसाय से अच्छी-खासी कमाई कर रही महिलाएं
गौरेला-पेंड्रा मारवाही जिला में जंगलों की भरमार होने के कारण यहाँ प्राकृतिक सुन्दरता और लघु वनोपज के लिए यह क्षेत्र विख्यात है I यहाँ जंगलों में मुनगा, कटहल, जामुन, सीताफल बाहुल्य मात्रा में पाए जाते हैं I अभी जून के महीने में जंगलों में बहुतायत मात्रा में महिलाओं द्वारा इसके व्यवसाय से इन दिनों मालामाल हो रहीं हैं I प्रदेश में छत्तीसगढ़ आजीविका विकास मिशन बिहान के तहत पेंड्रा जनपद पंचायत के एक छोटे से गांव पंडरीखार में रहने वाली जानकी ओट्टी गठित स्वसहायता समूह की अध्यक्ष हैं I इन्होने वर्ष 2016-17 समूह से जुड़कर शैलपुत्री नाम के एक समूह का गठन किया I जानकी ओट्टी ने समूह में अपनी गंभीरता दिखाते हुए आंगनबाड़ी में रेडी-टू-ईट का काम करने लगी I यहाँ से उनको 10 से 12 हजार प्रति माह आय होने लगा I
गौरेला-पेंड्रा मारवाही जिला में जामुन बहुतायत मात्रा में पाया जाता है और अभी जामुन के फल का ही सीजन चल रहा है I समूह की महिलाओं ने इसे जिले से बाहर विक्रय करने की सोची I उन्होंने जामुन इकट्ठा करना शुरू किया और प्रतिदिन 30 से 40 कैरेट सभी समूह की महिलाओं से एकत्रित कर बाहर भेजती हैं। जामुन के मौसम में प्रतिदिन 2,000 रुपये कमा लेती हैं। साल भर में जामुन के एक ही सीजन में समूह द्वारा 40 से 50 हजार रुपये तक कमा लेती हैं। जानकी ओट्टी जो की समूह की अध्यक्ष हैं उन्होंने यह प्लानिंग की है कि जामुन को और भी बाहरी इलाकों में विक्रय किया जाएगा I
जामुन के फायदे
यह पाचनशक्ति को भी बढ़ाने में कारगर होता है I लीवर की समस्या से भी निजात मिलता है I जामुन से मधुमेह, दस्त, मुँह के छाले, पथरी और ब्लड शुगर जैसे अनगिनत फायदे होते हैं I
कांग्रेस मुख्यालय में एक गुमनाम पत्र ने कांग्रेस के होश उड़ा दिए
रायपुर कांग्रेस मुख्यालय में सोमवार को एक गुमनाम लेटर ने हडकंप मचा दिया I इस पत्र में बड़े नेताओं को लोकसभा चुनाव में हार का जिमेवार बताया गया I यह पत्र उस समय आया जब विधानसभा और लोकसभा में कांग्रेस की करारी हार के बाद नई दिल्ली की टीम हार के कारण को तलाशने के लिए यहाँ दौरा करने आई हुई थी I दौरे के आखिरी दिन जब गुमनाम पत्र ने कांग्रेस मुख्यालय के राजिव भवन में एक बार फिर नेताओं में हार का दृश्य को फिर से ताजा कर दिया I लेकिन गौर करने वाली बात यह था कि इसमें भेजने वाले का नाम लिखा हुआ नहीं था और ना ही कोई हस्ताक्षर था I
यह पत्र कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को लिखा गया है I इस अनजान पत्र के लिए कई बड़े नेताओं को दोषी ठहराया गया I कांग्रेस के संचार विभाग के प्रमुख आनंद शुक्ला ने कहा कि यह भाजपा की साजिश है I बीजेपी अपने इशारों पर यह सब षड्यंत्र रचती है I उनका उद्देश्य केवल कांग्रेस पार्टी को बदनाम और निचा दिखाने का रहता है I
डॉ. हिमांशु ने कम सुविधा होने के बावजूद किये कई सफल ऑपरेशन
पूरे भारत में 1 जुलाई को “डॉक्टर्स डे” मनाया गया I ऐसे में सरकारी अस्पताल के अधिकतर डॉक्टर्स छुट्टी में रहते हैं जिससे डॉक्टर्स के पास मरीज आने पर उनको डॉक्टर अस्पताल में अनुपस्थित दिखे लेकिन डॉक्टर्स डे पर आज हम आपको कोरबा जिले के एक ऐसे डॉक्टर के बारे में बताने जा रहे हैं जो हर रोज अपनी ओपीडी में मिल ही जाते हैं इतना ही नहीं हर रोज 2-3 ऑपरेशन भी कर लेते हैं I यह डॉक्टर और कोई नहीं कटघोरा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कार्यरत अस्थि रोग विशेषज्ञ हिमांशु खुटिया हैं I इस हॉस्पिटल में पहले आईसीयू की सुविधा तक नहीं है इसके बावजूद डॉ. हिमांशु खुटिया ने हिप रिप्लेसमेंट जैसे आपरेशन का सफल इलाज कर दिखाया I डॉ. हिमांशु ने करीब दो सालों में 2 हजार से ज्यादा ऑपरेशन कर चुके हैं I इनके आने से कटघोरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों को दूर दराज बड़े अस्पतालों में जाकर इलाज कराने से मुक्ति मिल गया है I
कटघोरा में स्टॉप डायरिया कैंपेन 2024 का किया गया शुभारम्भ
डायरिया जैसी खतरनाक बिमारी हर उम्रदराज के लोगों में देखा जा सकता है लेकिन इसका ज्यादातर खतरा बच्चों पर देखा गया है I पूरे भारत में बाल-मृत्यु दर का तीसरा सबसे बड़ा कारण डायरिया को ही माना जाता है I भारत में 5 साल से कम उम्र के बच्चों में होने वाली मृत्यु का लगभग 13% डायरिया (दस्त) ही जिम्मेदार माना जाता है I सरकार इस समस्या से निजात पाने के लिए निरंतर प्रयास कर रहा है I इन्हीं सब बातों को ध्यान में रखते हुए छत्तीसगढ़ के हर जिलों में स्वास्थ्य संबंधी कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है I
कोरबा जिले द्वारा भी 1 जुलाई को कटघोरा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में “स्टॉप डायरिया कैंपेन 2024” का शुभारम्भ किया गया I कटघोरा विधायक प्रेमचंद पटेल ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉक्टरों को डॉक्टर्स डे के अवसर पर केक काटकर शुभकामनाएँ भी दिए I इस शुभ अवसर पर जिला स्वास्थ्य अधिकारी एस. एन. केसरी, भाजपा प्रदेश पूर्व जिला अध्यक्ष पवन गर्ग, विधायक प्रतिनिधि जितेंद्र जोशी, भाजपा जिला मंत्री संजय शर्मा, युवा मोर्चा मंडल अध्यक्ष संजीत सिंह, पूर्व युवा आयोग सदस्य रघुराज सिंह, सतीश जायसवाल, डीपीएम पद्माकर शिंदे, बीएमओ रूद्र पाल सिंह, डॉ. हिमांशु खुटिया और अस्पताल के समस्त स्टाफ इस मौके पर उपस्थित रहे I
अंतिम संस्कार के लिए पैसे नहीं होने पर परिजनों ने शव ले जाने से इनकार किया
बिलासपुर में एक बच्चे की मौत होने पर उसके परिवार वाले शव को लेने से इन्कार कर रहे हैं I घटना बिलासपुर जिले के अंतर्गत सक्ती का है, जहाँ सक्ती निवासी शनी पाठक (14) पिता हनुमान प्रसाद पाठक बिलासपुर के सिम्स हॉस्पिटल में 23 जून को भर्ती कराया गया था बच्चे को पेट सम्बन्धी बीमारी था Iअस्पताल में उसके पेट में दर्द होने लगा, उस समय उसकी माँ और बहन भी साथ थे I 29 जून दिन शनिवार को शाम के 4:30 बजे शनी पाठक की मौत हो गई I डॉक्टरों द्वारा शव को सौंपने के लिए कहा गया तो परिजन शव को छोड़कर गये I इसके अगले दिन रविवार को वापस आये तो सिम्स चौकी पुलिस को बताया कि उनके पास अंतिम संस्कार करने के पैसे नहीं है, इसलिए वे शव को नहीं ले जा सकते I इसकी जानकारी शवगाह और डॉक्टरों को दी गई तो उन्होंने पैसे इक्कठे करके परिजनों को गाँव के लिए रवाना कर दिए I तत्पश्चात अंतिम संस्कार की प्रक्रिया को पूरा किया गया I
फिल्मों में किया साइड रोल आज हैं टीवी के सुपरस्टार
आसिफ शेख आज टीवी इंडस्ट्री का जाना माना नाम है I लेकिन आसिफ टीवी में आने से पहले फिल्मों में काफी धक्के खाए, स्ट्रगल किये | जब बात नहीं बनीं तो टीवी इंडस्ट्री की तरफ अपना रुख किया I
आइये जानते आसिफ शेख से जुड़ी दिलचस्प किस्से-
आसिफ शेख का जन्म 11 नवंबर 1964 को दिल्ली में हुआ था। उन्होंने अपनी पढ़ाई दिल्ली में ही पूरा किया I उस वक्त आसिफ की भी यही ख्वाहिश थी की माता-पिता के सपनों को पूरा किया जाये I उस उनका ध्यान एक्टिंग में बिलकुल भी नहीं था I लेकिन जब आसिफ शेख कॉलेज में दाखिला लिया, तो उनके दोस्तों के साथ थिएटर जाया करते थे I
थिएटर ज्वाइन करने के बाद आसिफ ने टीवी सीरियल के लिए एक ऑडिशन दिया I सीरियल का नाम था हम लोग I यह धारावाहिक 1984 में आया था I इसमें उनका सलेक्शन हो गया I यह धारावाहिक सफल साबित हुआ लेकिन आसिफ फिल्मों में काम करना चाहते थे I लेकिन इसके लिए उनको काफी स्ट्रगल करना पड़ा I
कुछ समय बाद उन्हें फिल्म ‘रामा ओ रामा’ ऑफर हुई। इस फिल्म से उन्होंने अपना बॉलीवुड डेब्यू किया। हालांकि, ये फिल्म फ्लॉप साबित हुई। कयामत की रात, मुकद्दर का बादशाह, प्यार का सौदागर और यारा दिलदारा जैसी फिल्मों में आसिफ शेख ने काम किया। बताया जाता है कि आसिफ शेख को तीनों खानों सलमान, शाहरुख और आमिर खान की वजह से फिल्में नहीं मिल पा रहा था I फिल्में मिल नहीं रहा था इसलिए साइड रोल वाले किरदार करने लगे I लेकिन ये सब उन्हें रास नहीं आ रहा था I
इसके बाद वे फिर से टीवी की तरफ अपना रुख किया I 1999 में आई धारावाहिक यस बॉस से आसिफ शेख को फेम मिला I इसके बाद तो इनकी किस्मत ही बदल गयी I इससे उनको खूब नाम मिला और वे टीवी इंडस्ट्री के स्टार बन गये I लेकिन 2015 में आई धारावाहिक भाभीजी घर पर हैं इस सीरियल से इनकी लोकप्रियता इतनी बढ़ गई की इनको इस सीरियल की वजह से घर-घर में लोग इनके फैन बन गये I
टी-20 वर्ल्डकप के बाद इस महीने के अंत में भारत का श्रीलंका दौरा है I बीसीसीआई के सचिव जय शाह ने कहा कि श्रीलंका दौरे पर नये हेड कोच जायेंगे I आपको बता दें, अभी टी-20 वर्ल्डकप में हेड कोच का कमान राहुल द्रविड़ संभाल रहे थे उनका कार्यकाल टी-20 वर्ल्डकप तक ही था I
अब श्रीलंका दौर पर नए हेड कोच का चयन किया जाना है I उन्होंने कहा कि दो उम्मीदवारों के सीएसी ने इंटरव्यू ले चुका है। अब वह मुंबई में जाकर यह तय करेंगे कि इनमें किसका चयन करना है। वीवीएस लक्ष्मण टीम का जिम्बाब्वे दौरे पर मार्गदर्शन करेंगे।
टीम इंडिया 11 साल बाद आईसीसी खिताब जीता है। इस पर जय शाह ने विराट कोहली और रोहित शर्मा की जमकर तारीफ़ की I उन्होंने कहा कि पिछले साल रोहित की ही कप्तानी में अब विश्वकप के फाइनल तक पहुंचे।
टीम ने सभी मैच जीते थे, लेकिन फाइनल में हम हार गए । इस बार टीम ने मेहनत की और रोहित और विराट के रूप में टीम के पास अनुभव भी था। टीम ने शानदार प्रदर्शन कर जीत हासिल की । जय शाह ने रोहित शर्मा की कप्तानी पर कहा कि अच्छा खिलाड़ी जानता है कि अपना गियर कब बदलना है I रोहित शर्मा का स्ट्राइक रेट देखें तो उन्होंने कई युवा खिलाड़ियों को पीछे कर दिया है I
बरसात में बिमारियों से बचने के लिए अपनाएं ये घरेलू उपाय
बरसात का मौसम शुरू हो गया है ऐसे में बरसात के मौसम में होने वाली बिमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है । बरसात के मौसम में सर्दी-जुकाम जैसी बीमारी का खतरा बना रहता है यह एक तरह का संक्रामक रोग होता है जो आसानी से दूसरों तक पहुँच जाता है । इनसे बचने के लिए अपनी इम्युनिटी को बढ़ाना जरुरी है । बरसात में संक्रामक रोगों से बचने के लिए हमें साफ़-सफाई का विशेष ध्यान देना चाहिए । घर से बाहर निकलते समय साफ पानी बोतल में भरकर अपने पास रखें, बाहर का पानी पीने से बचें । अपनी इम्युनिटी को बढ़ाना है तो हल्दी वाला दूध का सेवन नियमित रूप से करना चाहिए । क्योंकि हल्दी में मौजूद करक्यूमिन तत्व शरीर के मेटाबॉलिज्म को तन्दरुस्त रखता है । जिससे पाचन सही रहता है और बिमारियों का खतरा भी कम हो जाता है । सब्जी और दाल में लौंग को डालने से यह आपके पाचन को ठीक रखता है और कफ जैसी समस्याओं से निजात दिलाता है । इसके अलावा सब्जी में दालचीनी के सेवन से इसमें एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-फंगल और एंटी-वायरल गुण भी होते हैं, जो कवक के कारण होने वाले कई संक्रमणों को ठीक करने और रोकने में मदद करता है। इसके साथ ही यह इम्यूनिटी को भी बढ़ाता है ।
बरसात के मौसम में बाहर का खाना खाने से बचना चाहिए । बरसात के मौसम में कीड़े-मकोड़े की संख्या बढ़ जाती है। लाइट के कारण कीड़े-मकौड़े, कॉकरोच आदि भी काफी संख्या में निकलते हैं। ऐसे में होटल, रेस्टोरेंट या स्ट्रीटफूड बनाने में साफ-सफाई का बेहतर ध्यान नहीं होने के चलते इसे खाने से बीमारियां घेर सकते हैं। इसलिए घर के खाने को ही प्राथमिकता देनी चाहिए ।