Tag: ChhattisgarhWeather

  • छत्तीसगढ़ में मौसम में बदलाव के कारण तापमान में गिरावट जारी

    छत्तीसगढ़ में मौसम में बदलाव के कारण तापमान में गिरावट जारी

    छत्तीसगढ़ में मौसम में बदलाव के कारण तापमान में गिरावट जारी

    छत्तीसगढ़ में बीते कुछ दिनों से लगातार बढ़ रहे तापमान में गिरावट आने की संभावना जताई जा रही है। सोमवार को न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट हो सकती है। इस बीच, हवा में नमी की मात्रा भी बढ़ गई है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक हल्की दबाव का क्षेत्र स्थित है, जो पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और तटीय तमिलनाडु के पास पहुंच सकता है। इसके प्रभाव से प्रदेश में आंशिक मेघमय आकाश और एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है।

    रविवार को प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर अधिकतम और न्यूनतम तापमान में उतार-चढ़ाव देखा गया। सबसे अधिक तापमान 31.8 डिग्री सुकमा में और सबसे न्यूनतम तापमान 8.4 डिग्री बलरामपुर में दर्ज किया गया। रायपुर में अधिकतम तापमान 27.4 डिग्री और न्यूनतम तापमान 17.7 डिग्री, बिलासपुर में 24.0 डिग्री और न्यूनतम तापमान 19.0 डिग्री, पेंड्रारोड में अधिकतम तापमान 23.7 डिग्री और न्यूनतम 12.2 डिग्री, जबकि अंबिकापुर में अधिकतम तापमान 26.4 डिग्री और न्यूनतम तापमान 12.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

    दक्षिण छत्तीसगढ़ में बंगाल की खाड़ी से नमी का आगमन जारी है, जिसके कारण हल्के बादल और हल्के बादल बने रह सकते हैं। आगामी 27 से 28 दिसंबर के बीच एक नया पश्चिमी विक्षोभ भारतीय क्षेत्र को प्रभावित करेगा, जिससे उत्तर छत्तीसगढ़ में हल्की वर्षा हो सकती है। 30 दिसंबर से न्यूनतम तापमान में गिरावट का दौर शुरू होने की संभावना है, जबकि अगले पांच दिनों तक प्रदेश में न्यूनतम तापमान में कोई विशेष परिवर्तन नहीं होने की उम्मीद है।

    मौसम विभाग ने बताया कि हवा में 90 फीसदी तक नमी आ रही है, जिसके कारण प्रदेश में बादल छाए हुए हैं। बंगाल की खाड़ी में एक चक्रवाती परिसंचरण समुद्र तल से 3.1 किमी ऊपर तक फैला हुआ है, जो 24 दिसंबर के आसपास उत्तरी तमिलनाडु और दक्षिणी आंध्र प्रदेश के तटों के पास पहुंचेगा।

    रायपुर में सोमवार को बादल छाए रहेंगे और अधिकतम तापमान 28 डिग्री और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है, साथ ही हल्की वर्षा भी हो सकती है।

    Read More :

    मुख्यमंत्री सचिव पद का अतिरिक्त प्रभार मुकेश कुमार बंसल को सौंपा गया

    छत्तीसगढ़ में 63.14 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का बना रिकॉर्ड

  • छत्तीसगढ़ में ठंड का कहर, मैनपाट का न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस

    छत्तीसगढ़ में ठंड का कहर, मैनपाट का न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस

    मैनपाट में कड़ाके की ठंड, तापमान 3 डिग्री तक गिरा, सर्दी से बेहाल हैं लोग

    मैनपाट में कड़ाके की ठंड, तापमान 3 डिग्री तक गिरा, सर्दी से बेहाल हैं लोग

    छत्तीसगढ़ के मैनपाट में पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से तापमान में भारी गिरावट आई है। कुछ दिन पहले हुई बारिश के बाद यहां का न्यूनतम तापमान 3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे इस साल की पहली बार घास में ओले पड़े। मैनपाट, जिसे छत्तीसगढ़ की शिमला भी कहा जाता है, में अब ठंड और कोहरे का असर बढ़ता जा रहा है।

    सरगुजा संभाग के मुख्यालय अंबिकापुर में भी तापमान में अचानक गिरावट आई है। यहां न्यूनतम तापमान 7 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया, जिससे लोगों को सर्दी से जूझना पड़ रहा है। ठिठुरती ठंड ने खासतौर पर रात और सुबह के समय लोगों की मुसीबत बढ़ा दी है।

    winter season

    मौसम विभाग ने पश्चिमी विक्षोभ के कारण छत्तीसगढ़ में अगले दो दिनों तक कड़ी सर्दी की चेतावनी दी है। इस दौरान तापमान में 1-2 डिग्री की और गिरावट आने की संभावना जताई जा रही है। इसके साथ ही, पहाड़ों पर बर्फबारी का असर अब मैदानी हिस्सों में भी महसूस होने लगा है।

    सरगुजा कलेक्टर ने ठंड को देखते हुए जिले के सभी स्कूलों के संचालन में बदलाव किया है, ताकि बच्चों को ठंड से बचाया जा सके। मैनपाट के नर्मदापुर, कमलेश्वरपुर और बरिमा इलाकों में बुधवार सुबह ओस गिरने से पाला जमने की स्थिति बन गई।

    यह ठंड केवल छत्तीसगढ़ तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि जम्मू-कश्मीर से लेकर पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और ओडिशा तक इसका असर देखने को मिलेगा। सर्दी का यह प्रकोप अगले सप्ताह तक जारी रहने की संभावना है।

    Read More :

    SKD फिल्म प्रोडक्शन का धमाकेदार वापसी, नए प्रोजेक्ट्स का हुआ शुभारम्भ!

    ‘समायरा-ए स्मॉल टाउन गर्ल’ यूट्यूब पर कर रही ट्रेंड

  • छत्तीसगढ़ में ठंडी हवाओं की दस्तक से सर्दी का आगाज

    छत्तीसगढ़ में ठंडी हवाओं की दस्तक से सर्दी का आगाज

    उत्तरी छत्तीसगढ़ में तापमान में गिरावट, रायपुर में अभी ठंड का असर फीका

    उत्तरी छत्तीसगढ़ में तापमान में गिरावट, रायपुर में अभी ठंड का असर फीका

    नवंबर के पहले सप्ताह में छत्तीसगढ़ में सर्दी का मौसम दस्तक दे चुका है। प्रदेश के उत्तरी इलाकों में ठंडी हवाओं के चलते तापमान में गिरावट देखी जा रही है। बलरामपुर, सरगुजा, और सूरजपुर जैसे उत्तरी जिलों में सर्दी ने अपनी मौजूदगी दर्ज कराई है। हालांकि, राजधानी रायपुर सहित मध्य छत्तीसगढ़ में अभी ठंड का असर फीका है, लेकिन आने वाले दिनों में धीरे-धीरे यह इलाकों में भी सर्दी का असर बढ़ सकता है।

    मौसम विभाग के अनुसार, अगले 4-5 दिनों में प्रदेश के मौसम में विशेष बदलाव की संभावना नहीं है। तापमान में मामूली गिरावट की संभावना जताई गई है, खासकर उत्तरी जिलों में, जहां तापमान में 1 से 2 डिग्री तक की गिरावट आ सकती है। रायपुर में हालांकि ठंड का अभी कोई खास असर नहीं देखा जा रहा है, लेकिन उत्तरी जिलों में यह असर बढ़ सकता है। विभाग ने बताया कि इन दिनों मौसम स्थिर रह सकता है, जिससे ठंडी हवाओं का प्रभाव जारी रहेगा।

    Winter

    शनिवार को राजधानी रायपुर में दोपहर के समय अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश के अन्य जिलों की बात करें तो बिलासपुर में तापमान 31 डिग्री, जगदलपुर में 29 डिग्री, भिलाई में 30 डिग्री, अंबिकापुर में 27 डिग्री, मुंगेली में 31 डिग्री और मैनपाट में 24 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इन आँकड़ों के अनुसार, उत्तरी क्षेत्रों में ठंड का असर ज्यादा है जबकि रायपुर और आसपास के क्षेत्रों में अपेक्षाकृत गर्मी बनी हुई है।

    मौसम विभाग के अनुसार, जैसे-जैसे ठंडी हवाएँ उत्तरी इलाकों से प्रदेश के मध्य और दक्षिणी हिस्सों की ओर बढ़ेंगी, तापमान में और गिरावट दर्ज की जा सकती है। आने वाले दिनों में प्रदेशवासियों को सुबह और शाम के समय हल्की ठंड का अनुभव हो सकता है।

    Read More :

    छत्तीसगढ़ में ठंडी हवाओं की दस्तक से सर्दी का आगाज

    छत्तीसगढ़ बोर्ड ने प्रीबोर्ड परीक्षाओं का किया ऐलान, सभी स्कूलों में होगी परीक्षा

  • छत्तीसगढ़ में मानसून की विदाई, बारिश का दौर हुआ खत्म

    छत्तीसगढ़ में मानसून की विदाई, बारिश का दौर हुआ खत्म

    मानसून की विदाई :

    छत्तीसगढ़ में इस साल मानसून की वापसी तय समय से पहले ही शुरू हो गई है। आमतौर पर मानसून की विदाई अक्टूबर के मध्य तक होती है, लेकिन इस बार नौ दिनों की देरी से आए मानसून ने निर्धारित समय से एक दिन पहले ही प्रदेश से विदा होना शुरू कर दिया है। शुक्रवार को दक्षिण-पश्चिम मानसून ने उत्तर छत्तीसगढ़ के इलाकों से वापसी की शुरुआत की, और अगले दो दिनों में पूरे प्रदेश से इसकी पूर्ण विदाई की संभावना जताई जा रही है। मौसम विभाग का अनुमान है कि 13 अक्टूबर तक वातावरण में नमी की मात्रा में गिरावट आ सकती है, जिससे मानसून की अंतिम विदाई संभव है।

    मानसून की वापसी का सफर

    दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी की रेखा फिलहाल प्रदेश के पेंड्रा रोड क्षेत्र से होकर गुजर रही है। राज्य के बाकी हिस्सों से भी अगले दो दिनों में मानसून की वापसी के लिए मौसम अनुकूल बताया जा रहा है। शुक्रवार को कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। बीजापुर के गंगालूर क्षेत्र में सबसे अधिक 80 मिलीमीटर बारिश हुई, जबकि बीजापुर, कटेकल्याण, दोरनापाल, जगरगुंडा और अन्य इलाकों में भी हल्की बारिश दर्ज की गई।

    प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में भी मानसूनी बारिश का असर दिखा, जैसे कि उसूर में 40 मिमी, कटेकल्याण में 30 मिमी, और दोरनापाल व भोपालपटनम में क्रमश: 20 और 10 मिमी बारिश दर्ज की गई। हालांकि, प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश की मात्रा बहुत कम रही, लेकिन कुल मिलाकर इस मानसूनी सीजन में प्रदेश में 1172.0 मिलीमीटर औसत बारिश दर्ज की गई है।

    तापमान में संभावित बढ़ोतरी

    मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार, अगले कुछ दिनों में प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में तापमान में बढ़ोतरी होने की संभावना है। बीते कुछ दिनों से गरज-चमक के साथ हल्की बारिश के बाद अब अधिकतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हो सकती है। मध्य छत्तीसगढ़ में अधिकतम तापमान 33 से 35 डिग्री सेल्सियस तक रहने का अनुमान है।

    रायपुर में शनिवार को हल्के बादल छाए रहने की उम्मीद है, लेकिन बारिश की संभावना नहीं जताई गई है। यहां अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है। इसी तरह, प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी दिन के समय तापमान बढ़ने के आसार हैं, विशेषकर उत्तर छत्तीसगढ़ के इलाकों में हल्के बादल बने रहने के बावजूद तापमान में बढ़ोतरी देखी जा सकती है।

    दक्षिण छत्तीसगढ़ में हल्की बारिश की संभावना

    दक्षिण छत्तीसगढ़ के कुछ क्षेत्रों में अगले दो दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। यह बारिश मानसून के विदा होने के बावजूद, कुछ क्षेत्रों में मौसमी गतिविधियों के कारण हो सकती है। प्रदेश के अन्य हिस्सों में हालांकि मौसम शुष्क रहने की संभावना है।

    अधिकतम और न्यूनतम तापमान की स्थिति

    शुक्रवार को प्रदेश में दर्ज किया गया सर्वाधिक अधिकतम तापमान 36.1 डिग्री डोंगरगढ़ में और सबसे कम न्यूनतम तापमान 20.6 डिग्री गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में दर्ज किया गया। आगामी दिनों में भी तापमान में बढ़ोतरी की उम्मीद है, खासकर मध्य और दक्षिण छत्तीसगढ़ के क्षेत्रों में।

    READ MORE :

    https://golden36garh.com/?p=7674

    https://golden36garh.com/?p=7670