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  • छत्तीसगढ़ में मौसम में बदलाव के कारण तापमान में गिरावट जारी

    छत्तीसगढ़ में मौसम में बदलाव के कारण तापमान में गिरावट जारी

    छत्तीसगढ़ में मौसम में बदलाव के कारण तापमान में गिरावट जारी

    छत्तीसगढ़ में बीते कुछ दिनों से लगातार बढ़ रहे तापमान में गिरावट आने की संभावना जताई जा रही है। सोमवार को न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट हो सकती है। इस बीच, हवा में नमी की मात्रा भी बढ़ गई है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक हल्की दबाव का क्षेत्र स्थित है, जो पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम दिशा में बढ़ते हुए दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और तटीय तमिलनाडु के पास पहुंच सकता है। इसके प्रभाव से प्रदेश में आंशिक मेघमय आकाश और एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है।

    रविवार को प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर अधिकतम और न्यूनतम तापमान में उतार-चढ़ाव देखा गया। सबसे अधिक तापमान 31.8 डिग्री सुकमा में और सबसे न्यूनतम तापमान 8.4 डिग्री बलरामपुर में दर्ज किया गया। रायपुर में अधिकतम तापमान 27.4 डिग्री और न्यूनतम तापमान 17.7 डिग्री, बिलासपुर में 24.0 डिग्री और न्यूनतम तापमान 19.0 डिग्री, पेंड्रारोड में अधिकतम तापमान 23.7 डिग्री और न्यूनतम 12.2 डिग्री, जबकि अंबिकापुर में अधिकतम तापमान 26.4 डिग्री और न्यूनतम तापमान 12.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

    दक्षिण छत्तीसगढ़ में बंगाल की खाड़ी से नमी का आगमन जारी है, जिसके कारण हल्के बादल और हल्के बादल बने रह सकते हैं। आगामी 27 से 28 दिसंबर के बीच एक नया पश्चिमी विक्षोभ भारतीय क्षेत्र को प्रभावित करेगा, जिससे उत्तर छत्तीसगढ़ में हल्की वर्षा हो सकती है। 30 दिसंबर से न्यूनतम तापमान में गिरावट का दौर शुरू होने की संभावना है, जबकि अगले पांच दिनों तक प्रदेश में न्यूनतम तापमान में कोई विशेष परिवर्तन नहीं होने की उम्मीद है।

    मौसम विभाग ने बताया कि हवा में 90 फीसदी तक नमी आ रही है, जिसके कारण प्रदेश में बादल छाए हुए हैं। बंगाल की खाड़ी में एक चक्रवाती परिसंचरण समुद्र तल से 3.1 किमी ऊपर तक फैला हुआ है, जो 24 दिसंबर के आसपास उत्तरी तमिलनाडु और दक्षिणी आंध्र प्रदेश के तटों के पास पहुंचेगा।

    रायपुर में सोमवार को बादल छाए रहेंगे और अधिकतम तापमान 28 डिग्री और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है, साथ ही हल्की वर्षा भी हो सकती है।

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    मुख्यमंत्री सचिव पद का अतिरिक्त प्रभार मुकेश कुमार बंसल को सौंपा गया

    छत्तीसगढ़ में 63.14 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का बना रिकॉर्ड

  • मुख्यमंत्री सचिव पद का अतिरिक्त प्रभार मुकेश कुमार बंसल को सौंपा गया

    मुख्यमंत्री सचिव पद का अतिरिक्त प्रभार मुकेश कुमार बंसल को सौंपा गया

    मुकेश कुमार बंसल और अमित कटारिया को नई जिम्मेदारियां

    भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) के 2005 बैच के अधिकारी मुकेश कुमार बंसल को मुख्यमंत्री के सचिव पद का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। बंसल, जो फरवरी 2024 में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति से छत्तीसगढ़ लौटे थे, पहले से प्रदेश में वित्त विभाग और वाणिज्य कर विभाग (आबकारी और पंजीयन को छोड़कर) के सचिव और पेंशन निराकरण समिति के अध्यक्ष के रूप में कार्यरत थे। अब उन्हें मुख्यमंत्री सचिव पद का दायित्व भी सौंपा गया है, जो उनके प्रशासनिक अनुभव को देखते हुए एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

    वहीं, 2004 बैच के IAS अधिकारी अमित कटारिया को लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण और चिकित्सा शिक्षा विभाग का सचिव नियुक्त किया गया है। राज्य सरकार ने 22 दिसंबर को इस नियुक्ति का आदेश जारी किया। अमित कटारिया, जो 2017 में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर गए थे, ने सितंबर 2024 में प्रदेश में जॉइनिंग दी थी, लेकिन उन्हें अब तक कोई विभाग नहीं मिला था। अब उन्हें यह महत्वपूर्ण विभाग सौंपा गया है। उनके पदभार ग्रहण के बाद, अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार पिंगुआ इस पद से मुक्त हो जाएंगे।

    इसके अलावा, केंद्रीय प्रतिनियुक्ति से लौटे सुबोध कुमार सिंह को मुख्यमंत्री का प्रमुख सचिव नियुक्त किया गया था। यह प्रशासनिक बदलाव राज्य सरकार के कामकाज को और प्रभावी बनाने के लिए किए गए हैं। यह बदलाव प्रशासनिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण हैं, जो छत्तीसगढ़ के विकास कार्यों में नया दिशा देने का संकेत देते हैं।

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    छत्तीसगढ़ में 63.14 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का बना रिकॉर्ड

    बीजापुर में नक्सलियों के स्पाइक होल से जवान घायल, सुरक्षा अभियान जारी

  • छत्तीसगढ़ में 63.14 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का बना रिकॉर्ड

    छत्तीसगढ़ में 63.14 लाख मीट्रिक टन धान खरीदी का बना रिकॉर्ड

    छत्तीसगढ़ में ऐतिहासिक धान खरीदी: 63.14 लाख मीट्रिक टन का रिकॉर्ड

    छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राज्य के किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण घोषणा की है कि उनकी सरकार ने 63.14 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की है, जिससे 13 लाख से अधिक किसानों को 14,058 करोड़ रुपए का भुगतान किया गया है। मुख्यमंत्री ने इस उपलब्धि को छत्तीसगढ़ सरकार की प्रतिबद्धता का प्रतीक बताते हुए कहा कि “अन्नदाताओं का सम्मान, हमारा अभिमान।”

    धान खरीदी की प्रक्रिया को और सरल और पारदर्शी बनाने के लिए राज्य सरकार ने कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि खरीदी केंद्रों पर समयबद्ध और सुव्यवस्थित प्रणाली लागू की गई है, जिससे किसानों को अपनी उपज का सही मूल्य बिना किसी देरी के मिल रहा है। राज्य सरकार ने ऑनलाइन पंजीकरण और डिजिटल तकनीकों का इस्तेमाल किया है, जिससे किसानों को सुविधा और पारदर्शिता मिल रही है।

    मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि राज्य सरकार ने किसानों की आर्थिक स्थिति को सशक्त बनाने के लिए तकनीकी सहायता, उन्नत बीज, और सिंचाई सुविधाओं को बढ़ावा दिया है, जिससे किसानों की आय में वृद्धि हो रही है। उन्होंने यह भी कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार का उद्देश्य राज्य को कृषि क्षेत्र में अग्रणी बनाना है और किसानों को अधिक लाभ पहुंचाना है। इन सुधारों से यह स्पष्ट है कि छत्तीसगढ़ सरकार का मुख्य लक्ष्य किसानों के जीवन स्तर को ऊंचा उठाना है और उनकी मेहनत का सही मूल्य दिलवाना है।

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    बीजापुर में नक्सलियों के स्पाइक होल से जवान घायल, सुरक्षा अभियान जारी

    पुलिस आरक्षक की आत्महत्या, भर्ती घोटाले का हुआ खुलासा

  • बीजापुर में नक्सलियों के स्पाइक होल से जवान घायल, सुरक्षा अभियान जारी

    बीजापुर में नक्सलियों के स्पाइक होल से जवान घायल, सुरक्षा अभियान जारी

    बीजापुर में नक्सली हमले में जवान घायल, सर्चिंग अभियान के दौरान हुआ हादसा

    छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के बासागुड़ा थानाक्षेत्र के पुन्नूर इलाके में नक्सलियों द्वारा लगाए गए स्पाइक होल की चपेट में आने से एक जवान घायल हो गया। यह घटना रविवार को हुई, जब दंतेवाड़ा और बीजापुर के सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम सर्चिंग अभियान पर निकली थी। घायल जवान की पहचान आशीष नाग के रूप में हुई है, जो दंतेवाड़ा DRG में पदस्थ हैं। घायल जवान को तुरंत इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, और उनकी हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है।

    अधिकारियों ने पुष्टि की है कि यह नक्सली हमला सुरक्षा बलों के लिए चुनौतीपूर्ण था, लेकिन जवानों ने पूरी सतर्कता के साथ स्थिति को संभाला। इस घटना के बीच छत्तीसगढ़ सरकार ने नक्सलियों के प्रभाव वाले क्षेत्रों में सुरक्षा और विकास को मजबूत करने के लिए कदम उठाए हैं। 20 दिसंबर को ‘‘नियद नेल्ला नार’’ योजना के तहत नक्सलियों के पीएलजीए बटालियन नंबर-1 कोर क्षेत्र में वाटेवागु नामक नया सुरक्षा कैंप स्थापित किया गया।

    सरकार ने इस क्षेत्र में नक्सल गतिविधियों को कम करने और स्थानीय लोगों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए कई विकासात्मक योजनाओं की घोषणा की है। जिसके अंतर्गत आवागमन को सरल बनाने और आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए सड़क और पुलों का निर्माण किया जाएगा। क्षेत्र में बिजली और पानी की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। अच्छी स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। स्थानीय निवासियों को राशन और आवश्यक वस्तुएं उनके गांव में ही उपलब्ध होंगी।

    बच्चों को बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए स्कूलों की स्थापना की जाएगी और मोबाइल कनेक्टिविटी का विस्तार किया जाएगा। यह सुरक्षा कैंप न केवल नक्सलियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करेगा बल्कि क्षेत्र के लोगों के लिए विकास और बेहतर सुविधाएं लाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। सरकार का यह प्रयास क्षेत्र में शांति स्थापित करने और स्थानीय निवासियों के जीवन स्तर को सुधारने की दिशा में एक बड़ा कदम है।

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    भारत-कुवैत के रिश्तों को सशक्त बनाने के लिए पीएम मोदी का ऐतिहासिक दौरा

    अनुज शर्मा और अरुण साव ने छात्रों को बताया विधानसभा का महत्व

  • भारत-कुवैत के रिश्तों को सशक्त बनाने के लिए पीएम मोदी का ऐतिहासिक दौरा

    भारत-कुवैत के रिश्तों को सशक्त बनाने के लिए पीएम मोदी का ऐतिहासिक दौरा

    भारत-कुवैत के रिश्तों को सशक्त बनाने के लिए पीएम मोदी का ऐतिहासिक दौरा

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को कुवैत पहुंचे, जहां उनकी दो दिवसीय यात्रा शुरू हुई। इस यात्रा का उद्देश्य भारतीय समुदाय से मुलाकात करना और कुवैती नेतृत्व के साथ भारत और कुवैत के संबंधों को विभिन्न क्षेत्रों में प्रगाढ़ करना है। यह यात्रा कुवैती अमीर शेख मेशल अल-अहमद अल-जबर अल-सबाह के निमंत्रण पर हो रही है और भारतीय प्रधानमंत्री की 43 वर्षों में कुवैत की पहली यात्रा है।

    प्रधानमंत्री मोदी ने इस मौके पर एक्स (पूर्व ट्विटर) पर पोस्ट किया, “कुवैत में गर्मजोशी से स्वागत किया गया। यह 43 वर्षों में किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यात्रा है और यह निश्चित रूप से भारत और कुवैत की मित्रता को और मजबूत करेगा। मैं आज और कल के कार्यक्रमों का इंतजार कर रहा हूं।”

    कुवैत पहुंचने के बाद, पीएम मोदी ने भारतीय संस्कृति को कुवैत में प्रस्तुत करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए रामायण और महाभारत जैसे भारतीय ग्रंथों का अरबी में अनुवाद करने वाले अब्दुल्ला बैरन और उनके पुस्तक के प्रकाशक अब्दुल्लातीफ अलनेसेफ से मुलाकात की। अलनेसेफ ने इस मुलाकात को सम्मानजनक बताया और कहा, “प्रधानमंत्री मोदी ने इन पुस्तकों पर हस्ताक्षर किए, जो हमारे लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।”

    प्रधानमंत्री मोदी ने कुवैत में 101 वर्षीय पूर्व आईएफएस अधिकारी मंगल सेन हांडा से भी मुलाकात की। हांडा, जिन्होंने अपनी विदेश सेवा के दौरान कुवैत, यूनाइटेड किंगडम, इराक, चीन, अर्जेंटीना और कंबोडिया में काम किया, अब कुवैत में निवास कर रहे हैं। पीएम मोदी ने हांडा के साथ शुभकामनाएं साझा की और उनके परिवार के साथ तस्वीरें भी खिंचवाईं। इस मुलाकात को लेकर हांडा की पोती श्रेया जुनेजा ने पीएम मोदी से मिलने का अनुरोध किया था, जिसे मोदी ने स्वीकार किया और उनका आभार व्यक्त किया।

    प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा को भारत और कुवैत के रिश्तों को और मजबूत करने के एक अहम प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।

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    रेलवे क्रॉसिंग पर फाटक न होने के कारण हादसा, लोगों में गहरा आक्रोश

    अनुज शर्मा और अरुण साव ने छात्रों को बताया विधानसभा का महत्व

  • पुलिस आरक्षक की आत्महत्या, भर्ती घोटाले का हुआ खुलासा

    पुलिस आरक्षक की आत्महत्या, भर्ती घोटाले का हुआ खुलासा

    राजनांदगांव में आत्महत्या करने वाले पुलिस आरक्षक ने किया भर्ती घोटाले का खुलासा

    राजनांदगांव जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसमें एक पुलिस आरक्षक ने पुलिस भर्ती प्रक्रिया में हुई धांधली का पर्दाफाश करते हुए आत्महत्या कर ली। जहाँ आरक्षक का शव एक पेड़ से लटका हुआ पाया गया। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को फंदे से उतारा तो पुलिस को मृतक के हाथ पर पेन से लिखा एक सुसाइड नोट मिला, जिसमें खैरागढ़ में पुलिस भर्ती घोटाले का बड़ा खुलासा किया गया।

    सुसाइड नोट में लिखा था, “भर्ती ड्यूटी में कर्मचारियों को फंसाया जा रहा है, जबकि अधिकारियों को बचाया जा रहा है।” मृतक की पहचान अनिल रत्नाकर के रूप में हुई है, जो खैरागढ़ जिले में आरक्षक के पद पर तैनात था। इस मामले में पुलिस ने 14 संदिग्धों की जांच शुरू की थी, जिनमें आरक्षक भी शामिल था। आत्महत्या के बाद आरक्षक द्वारा छोड़ा गया सुसाइड नोट पुलिस विभाग में हलचल मचा दिया है और इस मामले को लेकर कई सवाल उठने लगे हैं।

    घटना के बाद पुलिस विभाग ने जांच को और तेज कर दिया है, और अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।

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    रेलवे क्रॉसिंग पर फाटक न होने के कारण हादसा, लोगों में गहरा आक्रोश

    अनुज शर्मा और अरुण साव ने छात्रों को बताया विधानसभा का महत्व

  • रेलवे क्रॉसिंग पर फाटक न होने के कारण हादसा, लोगों में गहरा आक्रोश

    रेलवे क्रॉसिंग पर फाटक न होने के कारण हादसा, लोगों में गहरा आक्रोश

    बिना फाटक के रेलवे क्रॉसिंग पर दर्दनाक हादसा, एक युवक की मौत, दूसरा हुआ घायल

    सूरजपुर जिले के करंजी चौकी क्षेत्र स्थित बतरा रेलवे फाटक के पास दर्दनाक हादसा हुआ, जिसमें बाइक सवार दो युवक मालगाड़ी की चपेट में आ गए। इस घटना में एक युवक की मौत हो गई जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया।

    घटना का विवरण
    जानकारी के अनुसार, बुधवार को बतरा रेलवे ट्रैक पर मालगाड़ी गुजरने का समय था। फाटक न होने की वजह से बाइक सवार युवक ट्रैक पार करने लगे। इसी दौरान अचानक मालगाड़ी आ गई और दोनों युवक उसकी चपेट में आ गए। हादसा इतना भयानक था कि एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा घायल होकर रेलवे ट्रैक के पास गिर गया। घायल युवक को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उसकी स्थिति गंभीर बनी हुई है।

    स्थानीय लोगों में आक्रोश
    बतरा रेलवे क्रॉसिंग पर फाटक न होने की वजह से पहले भी कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं। इस बार की घटना ने स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया। लोगों का कहना है कि प्रशासन की लापरवाही के चलते आए दिन ऐसी घटनाएं हो रही हैं। मृतक के परिजन भी घटना से काफी नाराज थे और शव उठाने से इनकार कर रहे थे। काफी समझाइश के बाद परिजनों ने शव को उठाने की अनुमति दी।

    सुरक्षा व्यवस्था की मांग
    स्थानीय निवासियों ने बिना फाटक के इस रेलवे क्रॉसिंग पर सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते यहां फाटक या अंडरपास बनाया गया होता, तो इस तरह की दुर्घटनाओं से बचा जा सकता था। प्रशासन से जल्द ही उचित कदम उठाने की अपील की जा रही है।

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    अनुज शर्मा और अरुण साव ने छात्रों को बताया विधानसभा का महत्व

    सिविल लाइन में 82 लाख की ठगी, भूत-प्रेत का डर दिखाकर गुमराह

  • अनुज शर्मा और अरुण साव ने छात्रों को बताया विधानसभा का महत्व

    धरसींवा के छात्रों की अनूठी पहल: विधानसभा भ्रमण और जागरूकता अभियान

    धरसींवा क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों के छात्रों ने हाल ही में छत्तीसगढ़ विधानसभा का शैक्षणिक भ्रमण किया। इस दौरान छात्रों ने न केवल विधानसभा की कार्यप्रणाली को नजदीक से समझा, बल्कि राज्य के उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव और अन्य सम्माननीय सदस्यों से मुलाकात भी की।

    इस विशेष अवसर पर धरसींवा विधायक और प्रसिद्ध छत्तीसगढ़ी अभिनेता अनुज शर्मा ने भी छात्रों का स्वागत किया और उन्हें विधानसभा के महत्व और इसकी भूमिका के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने छात्रों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि इस तरह के शैक्षणिक भ्रमण से युवाओं को अपने राज्य की संसदीय प्रक्रिया को समझने का मौका मिलता है, जो उन्हें भविष्य में एक जिम्मेदार नागरिक बनने में मदद करता है।

    छात्रों ने विधानसभा के भीतर विभिन्न प्रक्रियाओं को देखा और प्रश्नकाल के दौरान उठाए जाने वाले मुद्दों के बारे में जाना। साथ ही, उन्होंने उप मुख्यमंत्री अरुण साव से मिलकर अपने सवाल पूछे और उनके जवाबों से प्रेरित हुए।

    धरसींवा विधायक अनुज शर्मा, जो अपने अभिनय और सामाजिक कार्यों के लिए जाने जाते हैं, ने इस पहल में छात्रों को प्रोत्साहित करने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने कहा, “हमारी नई पीढ़ी को लोकतंत्र की बारीकियों को समझना बहुत जरूरी है। इस तरह के अनुभव न केवल उनके ज्ञान को बढ़ाते हैं, बल्कि उन्हें अपने समाज के प्रति जागरूक भी बनाते हैं।”

    छात्रों ने इस शैक्षणिक भ्रमण को यादगार बताते हुए अनुज शर्मा और विधानसभा के अन्य सदस्यों का आभार व्यक्त किया। इस भ्रमण ने छात्रों को न केवल राजनीति की मूलभूत समझ दी, बल्कि उन्हें अपने राज्य की प्रगति में भागीदारी के लिए प्रेरित भी किया।

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    सिविल लाइन में 82 लाख की ठगी, भूत-प्रेत का डर दिखाकर गुमराह

    2026 तक नक्सलवाद खत्म करने का लक्ष्य: अमित शाह की बड़ी घोषणा

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    सिविल लाइन में 82 लाख की ठगी, भूत-प्रेत का डर दिखाकर गुमराह

    रकम दोगुना करने का झांसा: व्यवसायी से 82 लाख की ठगी का मामला दर्ज

    रकम दोगुना करने का झांसा: व्यवसायी से 82 लाख की ठगी का मामला दर्ज

    बिलासपुर शहर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में एक व्यवसायी ने रकम दोगुना करने का झांसा देकर 82 लाख रुपये की ठगी की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला जरहाभाठा निवासी व्यवसायी रितिक हिरवानी का है, जिनकी गोल बाजार में कपड़े की दुकान है। रितिक ने बताया कि करीब चार वर्ष पूर्व उनकी मुलाकात दीपक केवलानी उर्फ रणवीर से चकरभाठा के गुरुद्वारे में हुई थी। दीपक वहां सेवादार के रूप में काम करता था।

    पीड़ित रितिक और उनके भांजे मयंक लछवानी की दीपक से जान-पहचान बढ़ी। डेढ़ वर्ष पहले दीपक ने दोनों को रकम दोगुना करने का लालच दिया। लालच में आकर दोनों ने अपनी बचत और बाजार से उधार ली गई रकम दीपक को दे दी। ठग ने उन्हें रामा वैली स्थित मकान में रहने की सलाह दी और धमकी दी कि यदि वे घर गए तो उनकी रकम डूब जाएगी।

    इसके बाद दीपक ने उन्हें भूत-प्रेत का डर दिखाकर मानसिक रूप से गुमराह किया। ठगी की जानकारी मिलने पर पीड़ित ने सिविल लाइन थाने में मामले की शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपित दीपक केवलानी के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

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    बस्तर में होगा नक्सलवाद का अंत, सरकार ने 2026 तक रखा लक्ष्य

    2026 तक नक्सलवाद खत्म करने का लक्ष्य: अमित शाह की बड़ी घोषणा

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    बस्तर में होगा नक्सलवाद का अंत, सरकार ने 2026 तक रखा लक्ष्य

    केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह ने 31 मार्च 2026 तक बस्तर सहित पूरे देश से नक्सलवाद के जड़ से खत्म करने का लक्ष्य निर्धारित किया है। उनके इस महत्वाकांक्षी उद्देश्य के तहत बस्तर क्षेत्र में नक्सल गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी, जिससे न केवल सुरक्षा की स्थिति में सुधार होगा, बल्कि बस्तर के विकास को भी नई दिशा मिलेगी।

    उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने भी बस्तर के विकास के लिए सरकार की ओर से किए जा रहे प्रयासों की सराहना की है। उन्होंने कहा, “हमारी सरकार बस्तर के लोगों के जीवन स्तर को सुधारने के लिए प्रतिबद्ध है। सुरक्षा और विकास के मुद्दों को प्राथमिकता देते हुए हम बस्तर में शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, और अन्य बुनियादी सुविधाओं के लिए काम कर रहे हैं।”

    बस्तर क्षेत्र में विकास के साथ-साथ सुरक्षा स्थिति को मजबूत किया जा रहा है, जिससे लोग न केवल अपनी दिनचर्या में बदलाव महसूस करेंगे, बल्कि उन्हें नक्सलवाद के कारण होने वाली हिंसा से भी राहत मिलेगी। सरकार के द्वारा बस्तर में पुलिस बलों की तैनाती और नक्सलियों के खिलाफ सख्त अभियान चलाए जा रहे हैं, ताकि शांति का माहौल स्थापित हो सके।

    Striking portrait of male teenager isolated on black with piercing expressive eyes along with a cloth covering face except eyes.Expressing boldness and Courage.

    श्री अमित शाह का यह लक्ष्य न केवल बस्तर के लोगों के लिए, बल्कि पूरे देश के लिए एक आशा की किरण है। इसके साथ ही बस्तर क्षेत्र में आर्थिक और सामाजिक विकास की रफ्तार भी तेज होगी। आशा है कि 31 मार्च 2026 तक बस्तर, नक्सलवाद से मुक्त होकर विकास की नई ऊंचाइयों को छूने में सफल होगा, और वहां के लोग एक सुरक्षित और समृद्ध भविष्य की ओर कदम बढ़ाएंगे।

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