
विदिशा की क्राइम मिस्ट्री सुलझी, मुख्य आरोपित मुस्कान गिरफ्तार
पिछले दो महीने से चर्चा में रही गुनगुन रजक प्रकरण की मुख्य आरोपित मुस्कान राजपूत को पुलिस ने बीना में गिरफ्तार कर लिया है। 55 दिनों तक पुलिस को चकमा देने के बाद मुस्कान को सोमवार को पकड़ा गया। पुलिस ने मुस्कान की गिरफ्तारी पर दस हजार रूपये का इनाम घोषित किया था।
10 जून को कॉलेज की छात्रा गुनगुन रजक घायल अवस्था में रेलवे पटरी पर मिली थी। प्रारंभ में सभी ने सोचा कि वह ट्रेन से टकराकर घायल हुई है। लेकिन जब गुनगुन को होश आया, तो उसने बताया कि उसकी सहेली मुस्कान ने उसे पटरी पर ले जाकर उसके सिर पर हमला किया था और उसे मृत समझकर छोड़ दिया था।
मुस्कान ने पुलिस को दिए बयान में कहा कि वह हरिओम सेन से प्रेम करती है, लेकिन उसके परिवार वाले हरिओम से संबंध नहीं चाहते थे। हरिओम ने मुस्कान को सुझाव दिया कि वह किसी अपनी कद-काठी की लड़की को मारकर उसकी लाश पटरी पर फेंक दे, ताकि लोग उसे मरा समझें और वे दोनों शहर छोड़कर भाग जाएं।
मुस्कान ने अपने कपड़े पहनाकर गुनगुन को फोटो शूट के बहाने रेलवे पटरी पर ले जाकर हमला किया। उसने अपना बैग और सुसाइड नोट वहीं छोड़ दिया ताकि गुनगुन को मुस्कान समझा जाए। मुस्कान ने बताया कि वह हरिओम के संपर्क में ही रही और उसने किसी और से बात नहीं की। हरिओम और मुस्कान दोनों एथलेटिक्स के खिलाड़ी हैं और नियमित खेल स्टेडियम जाते थे, वहीं उनकी दोस्ती और प्रेम हुआ।
पुलिस अब हरिओम को गिरफ्तार करने के लिए तलाश कर रही है। गुनगुन के स्वजन और समाजजनों ने पहले ही हरिओम के शामिल होने की आशंका जताई थी। मुस्कान को फरारी के दौरान पैसे हरिओम ही भेज रहा था, जिसे ट्रांजेक्शन के आधार पर ट्रेस करके मुस्कान की गिरफ्तारी हो पाई।
READ MORE :













